जन दरबार न्यूज | अंबिकापुर
मुस्लिम समाज द्वारा जश्ने ईद मिलादुन्नबी का त्यौहार सरगुजा में धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर मुख्यालय सीरतुन्नबी कमेटी द्वारा जुलूस निकालने के साथ ही आम सभा का आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम के जरिए सरगुजा में कौमी एकता का संदेश दिया गया। इस दौरान विभिन्न धर्म के धर्मगुरुओं और वक्ताओं ने कार्यक्रम में संबोधित करते हुए पैगंबर साहब के जीवनी पर प्रकाश डाला और उनके बताए मार्गों पर चलने का आह्वान किया।
इस दौरान आम सभा को संबोधित करते हुए मौलाना सगीर अहमद मिस्बाही ने कहा कि पैगंबर साहब को मुसलमानों ही नहीं सभी धर्म के लोगों ने माना है। ईद और बकरीद मुसलमानों का लेकिन ईद मिलादुन्नबी पूरे संसार का त्योहार है। उन्होंने कहा कि पैगंबर साहब के 40 साल तक के जीवनकाल पर नजर डालें तो उस वक्त किसी मुसलमान नहीं बल्कि आम समाज के लोगों की मदद की थी।
एआईएमसीसी सदस्य एवं पूर्व जिपं सभापति आदित्येश्वर शरण सिंहदेव ने कहा कि पैगंबर साहब ने इंसानियत को जोड़ने में अपना जीवन बिताया और उनका यह संदेश आज के समाज में भी उतना ही जरूरी है।
वरिष्ठ समाजसेवी हरमिंदर सिंह टिन्नी ने कहा कि हम सब पैगंबर साहब के आदर्शों को आत्मसात करें। ईसाई समाज के प्रमुख धर्म गुरु विशप स्वामी डॉक्टर एंथोनी बड़ा ने कहा कि पैगंबर साहब ने सभी को समानता का अधिकार दिया।
सिंह जिंदल ने कहा कि पैगंबर साहब ने महान शख्सियत के रूप में जन्म लिया, उनका बचपन संघर्षपूर्ण था। उन्होंने इंसानियत के साथ ही महिलाओं के साथ लेकर चलने, बच्चों के सम्मान का संदेश दिया।
अंजनी कुमार पांडे ने कहा कि हिन्दुस्तान उस दौर से आया है जहां के हुक्मरानो�



