👉 वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सरगुजा के दिशा निर्देशन में एवं नगर पुलिस अधीक्षक अंबिकापुर के नेतृत्व में गठित टीम गठित द्वारा की गई कार्यवाही।
👉 अवैध सट्टा पैनल संचालक आयुष उर्फ़ दीप सिन्हा प्रकरण मे चल रहा था फरार, आरोपी को पुणे महाराष्ट्र से पुलिस टीम ने किया था गिरफ्तार।
👉 आरोपी के निशानदेही पर घर से नगद रकम 06 लाख 45 हजार रुपये, सोने चांदी के आभूषण, कान का टप्स 02 नग, नाक का नथिया 01 नग, अंगूठी 01 नग, 19 जोड़ी बिछिया, 01 जोड़ी कड़ा, 02 जोड़ी पायल, जमीन सम्बन्धी दस्तांवेज, 07 एटीएम, 01 पासबुक भी हुए बरामद।
👉 अवैध सट्टा पैनल के संचालन से प्राप्त आय से अर्जित संपत्तियों की राजस्व विभाग से जानकारी लेकर की जायगी अग्रिम कार्यवाही।
⏩ सट्टा खिलवाने का कुख्यात आरोपी आयुष सिन्हा उर्फ दीप सिन्हा पिछले लगभग 1 साल से फरार चल रहा था जिस संबंध में माननीय न्यायालय द्वारा आरोपी के उपस्थिति हेतु उद्घोषणा भी जारी की गई थी। इसके पश्चात भी आरोपी लगातार प्रकरण मे फरार चल रहा था, पुलिस टीम द्वारा फरार आरोपी का निरंतर पता तलाश किया जा रहा था, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सरगुजा श्री राजेश कुमार अग्रवाल (भा.पु.से.) के दिशा निर्देशन मे आरोपी के गिरफ़्तारी हेतु नगर पुलिस अधीक्षक अंबिकापुर श्री राहुल बंसल (भा.पु.से.) के नेतृत्व में पुलिस टीम का गठन किया गया था, गठित टीम द्वारा फरार आरोपी के सम्बन्ध मे लगातार जानकारी प्राप्त की जा रही थी, दौरान पता तलाश पुलिस टीम को सूचना प्राप्त हुआ कि अवैध सट्टा पैनल का संचालक कुख्यात आरोपु आयुष उर्फ़ दीप सिन्हा पुणे महाराष्ट्र मे छिपा हुआ है, सूचना पर नगर पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व मे गठित टीम द्वारा मामले मे त्वरित कार्यवाही करते हुए प्रकरण के आरोपी *आयुष उर्फ़ दीप सिन्हा आत्मज स्व. त्रिभुवन प्रसाद सिन्हा उम्र 32 वर्ष साकिन नेहरू वार्ड शिव मंदिर के पास थाना कोतवाली अंबिकापुर* को पुणे महाराष्ट्र से गिरफ़्तार किया गया, आरोपी का माननीय न्यायालय से ट्रांजिट रिमांड प्राप्त कर थाना कोतवाली अंबिकापुर लेकर आया गया, आरोपी से अवैध सट्टा संचालन के सम्बन्ध मे पूछताछ करने पर आरोपी ने पैनल चलवा कर सट्टा सिलवाना स्वीकार किया तथा इसके साथ ही अपने परिचय एवं अन्य कई लोगों के खाते खुलवाकर उनको सट्टे के उपयोग में लेना भी स्वीकार किया है, इस संबंध में आरोपी ने अपने अन्य साथी *सुधीर गुप्ता, राहुल अग्रवाल, सोम गुप्ता, अम्मी गिरी, सौरभ यादव, साहिल गुप्ता, अमन करारिया, श्रीकांत अग्रवाल, राहुल कुमार सोनी, अर्जुन गुप्ता, ऋतिक मंदिलवार, नितिन यादव, अमित कुमार मिश्रा, ध्रुविल पटेल, मुकेश त्रिपाठी, सौरभ गुप्ता, अंकित गुप्ता, प्रतिक कश्यप, सत्यम केशरी, सूरज खटीक* की संलिप्तता भी स्वीकार की। पुलिस द्वारा आरोपी का दो दिन का पुलिस रिमांड लेकर सघन पूछताछ की गई जिसमें सर्च वारंट प्राप्त कर आरोपी के घर के ठिकानों की तलाशी ली गई । आरोपी के परिजन मौके पर नहीं मिले जिससे घर का ताला तोड़ कर पुलिस ने तलाशी ली जिसमें लगभग नगद रकम 06 लाख 45 हजार रुपये, सोने चांदी के आभूषण, कान का टप्स 02 नग, नाक का नथिया 01 नग, अंगूठी 01 नग, 19 जोड़ी बिछिया, 01 जोड़ी कड़ा, 02 जोड़ी पायल, जमीन सम्बन्धी दस्तांवेज, 07 एटीएम, 01 पासबुक भी प्राप्त हुए, इसके साथ ही आरोपी की कुछ जगहों पर संपत्ति होने की भी पुष्टि हुई है, जिसको वेरीफाई करने के लिए राजस्व विभाग से पत्राचार किया जाता है तथा आरोपी द्वारा आय से अर्जित अन्य संपत्तियों की जानकारी लेकर अग्रिम कार्यवाही की जाती है। मामले मे अग्रिम जांच विवेचना कार्यवाही जारी है।



