Ambikapur News : छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के मौके पर अंबिकापुर के कलाकेंद्र मैदान में आयोजित कार्यक्रम में प्रशासन और भाजपा संगठन भीड़ जुटाने में पूरी तरह नाकाम रहे। कार्यक्रम स्थल पर खाली पड़ी कुर्सियाँ इस बात की गवाही देती रहीं कि आयोजन को लेकर जनता में अपेक्षित उत्साह नहीं दिखा। आयोजन में फजीहत देख मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन कृषि मंत्री रामविचार नेताम जल्द ही वापस लौट गए।

“कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे छत्तीसगढ़ शासन के कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने अपने संबोधन में कहा “25 वर्ष पहले समूचे छत्तीसगढ़ की क्या स्थिति थी, आज रोड, बिजली, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य के क्षेत्र में जबरदस्त परिवर्तन आया है। अब कुछ ही घंटों में हम रायपुर पहुंच रहे हैं, रेल मार्ग विकसित हुआ है, अंबिकापुर से सीधे दिल्ली की यात्रा संभव हो गई है। यहां हवाई सेवा शुरू हो चुकी है, जिसे आगे और बेहतर बनाया जाएगा। यह विचार करने का समय है कि हमने 25 वर्षों में कितनी छलांग लगाई है और आने वाले 25 वर्षों में कितना आगे जाना है।”

मंत्री नेताम के इस भाषण के दौरान अधिकांश कुर्सियाँ खाली रहीं। माहौल इतना ठंडा था कि भाषण खत्म होते ही वे मंच से नीचे उतर गए। उपस्थित लोगों के बीच यह चर्चा रही कि मंत्री को भी अंदाजा था कि भीड़ की कमी को लेकर विरोध या सवाल उठाने वाला कोई नहीं है।
दरअसल अंबिकापुर की जनता पहले से ही बदहाल सड़कों को लेकर नाराज़ है। ऊपर से सम्भाग के मंत्रियों के बार-बार किए जा रहे झूठे आश्वासनों ने लोगों का भरोसा और तोड़ दिया है। लोकसभा से लेकर विधानसभा तक पूरा सम्भाग भाजपा को देने के बाद भी जनता के हाथ सिर्फ झुनझुना ही आया है, बजाने को। अब तक न सड़कें सुधरीं, न बुनियादी सुविधाएँ बेहतर हुईं। ऐसे में राज्योत्सव जैसे सरकारी उत्सवों में जनता की बेरुखी किसी आश्चर्य की बात नहीं।



