अंबिकापुर / युवा कांग्रेस प्रदेश महासचिव विष्णु सिंह देव ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार ने धार्मिक आयोजन जैसे दुर्गा, गणेश पंडाल, रामनवमी, हनुमान जयंती समेत सभी अस्थायी निर्माणों, जुलूसों और राजनीतिक विरोध प्रदर्शन सहित आदिवासी समाज द्वारा आयोजित होने वाले सरना पूजा, कर्मा पर अनुचित टैक्स लगाने का निर्णय लिया है, यह फैसला न केवल धार्मिक आयोजनों को बाधित करेगा बल्कि आम जनता, विशेषकर गरीब-मध्यम वर्ग के लिए भारी आर्थिक बोझ बन जाएगा। भाजपा सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि वह हिन्दू एवं आदिवासी परंपराओं और उनकी भावनाओं की नहीं, बल्कि अपने चुनावी स्वार्थों की सोचती है।
विष्णु सिंह देव ने कहा कि आज तक किसी सरकार ने हिन्दू धर्म के आयोजनों पर ऐसा टैक्स नहीं लगाया, जबकि भाजपा चुनावों में हिन्दुओं का इस्तेमाल करती रही है। 500 वर्ग फीट से अधिक वाले पंडालों पर प्रति वर्ग फीट 500 रुपये शुल्क और 500 से ज्यादा क्षमता पर अतिरिक्त टैक्स लगाना सीधे हिंदू भावनाओं का अपमान है। राजनीतिक विरोध प्रदर्शन और कर्मचारियों के प्रदर्शन पर टैक्स लगाकर भाजपा सरकार लोकतंत्र की आवाज को दबाने की कोशिश कर रही है।
यह फैसला सरकार की असफलताओं को छिपाने और प्रतिरोध को रोकने की साजिश है। जब जनता महंगाई, बेरोजगारी और अन्य गंभीर समस्याओं से जूझ रही है, भाजपा सरकार धार्मिक और राजनीतिक आयोजनों को टैक्स के जाल में फंसा कर अपनी खामियां छुपा रही है।
कांग्रेस इस हिन्दू विरोधी, जनविरोधी और अलोकतांत्रिक फैसले का पुरजोर विरोध करती है। हम मुख्यमंत्री से मांग करते हैं कि यह अन्यायपूर्ण टैक्स तुरंत वापस लिया जाए। यदि सरकार सुनवाई नहीं करती, तो कांग्रेस बड़े पैमाने पर सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेगी।
हम सभी धार्मिक संगठन, राजनीतिक दल और जनता से इस हिंदू विरोधी कानून के खिलाफ एकजुट होने की अपील करते हैं ताकि संविधान, धर्म और लोकतंत्र की रक्षा की जा सके।



